इस शाम की नमी को ज़रा, जी भर के पी तो लें,
जो दर्द है दिलों में, उसे भी आज ,जी तो लें।
फिर वक़्त की हवा में, ये लम्हे बिखर भी जाएंगे,
जाने इन हवाओं में हमारी आहटें, फिर हों न हों।
शायद, फिर इस जनम में, मुलाक़ात हो न हो..
शायद फिर इस जनम में मुलाक़ात हो न हो..
#TwoLiners #Shayari
जो दर्द है दिलों में, उसे भी आज ,जी तो लें।
फिर वक़्त की हवा में, ये लम्हे बिखर भी जाएंगे,
जाने इन हवाओं में हमारी आहटें, फिर हों न हों।
शायद, फिर इस जनम में, मुलाक़ात हो न हो..
शायद फिर इस जनम में मुलाक़ात हो न हो..
#TwoLiners #Shayari
इस शाम की नमी को ज़रा, जी भर के पी तो लें,
जो दर्द है दिलों में, उसे भी आज ,जी तो लें।
फिर वक़्त की हवा में, ये लम्हे बिखर भी जाएंगे,
जाने इन हवाओं में हमारी आहटें, फिर हों न हों।
शायद, फिर इस जनम में, मुलाक़ात हो न हो..
शायद फिर इस जनम में मुलाक़ात हो न हो..
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